Saturday, 21 April 2012

377_THOUGHTS AND QUOTES GIVEN BY PUJYA ASHARAM JI BAPU

जिस प्रकार बालक अपनी परछाईं में
बेताल की कल्पना कर भय पाता है,
उसी प्रकार जीव अपने ही संकल्प से
भयभीत होता है और कष्ट पाता है ।

Pujya Asharam Ji Bapu
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